स्वच्छता, सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं ने जीता श्रद्धालुओं का दिल, डीएम मयूर दीक्षित और एसएसपी नवनीत सिंह का सुपरवीजन ला रहा रंग
हरिद्वार। कांवड़ मेला-2026 में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में हरिद्वार में की गई व्यापक व्यवस्थाएं अब धरातल पर असर दिखा रही हैं। करोड़ों की संख्या में हरिद्वार पहुंच रहे शिवभक्त स्वच्छता, सुरक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और कांवड़ मार्गों पर बेहतर व्यवस्थाओं से संतुष्ट नजर आ रहे हैं। प्रशासन की सक्रियता के चलते आस्था का यह विशाल पर्व सुचारु और व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ रहा है।
गंगा घाटों से लेकर कांवड़ मार्गों तक श्रद्धालुओं की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए जिला प्रशासन, पुलिस और नगर निगम की टीमें लगातार मैदान में जुटी हुई हैं। घाटों पर नियमित सफाई के साथ रात में भी विशेष सफाई अभियान चलाया जा रहा है। नगर निगम की टीमें देर रात तक घाटों, सीढ़ियों और आसपास के क्षेत्रों से कूड़ा उठाकर उसका तत्काल निस्तारण कर रही हैं, ताकि सुबह श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुंदर घाट उपलब्ध हो सकें।
नगर निगम के ‘आज का कूड़ा, आज ही साफ’ अभियान का भी प्रभाव दिखाई दे रहा है। दिनभर घाटों पर उत्पन्न होने वाले कचरे को उसी दिन निस्तारित करने का प्रयास किया जा रहा है। स्वच्छता दूत और स्वच्छता वीर श्रद्धालुओं को कूड़ा निर्धारित स्थान पर डालने तथा गंगा की स्वच्छता बनाए रखने के लिए लगातार जागरूक कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की सिंगल यूज़ प्लास्टिक के इस्तेमाल से बचने की अपील को भी अभियान के रूप में आगे बढ़ाया जा रहा है। जिला प्रशासन और नगर निगम द्वारा कांवड़ मार्गों पर ग्रीन चौकियां स्थापित की गई हैं। यहां श्रद्धालुओं को प्लास्टिक शीट और अन्य सिंगल यूज़ प्लास्टिक सामग्री का प्रयोग नहीं करने के लिए जागरूक किया जा रहा है। पर्यावरण संरक्षण के संदेश को जनभागीदारी से मजबूत किया जा रहा है।
कांवड़ यात्रा के प्रमुख मार्गों पर भी यातायात और श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। नहर पटरी मार्ग पर बड़ी संख्या में शिवभक्तों के आवागमन के बावजूद प्रशासनिक टीमें लगातार व्यवस्थाओं की निगरानी कर रही हैं, जिससे कांवड़ियों को अपने गंतव्य की ओर बढ़ने में परेशानी न हो।
सुरक्षा व्यवस्था की लगातार मॉनिटरिंग के लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित और एसएसपी नवनीत सिंह स्वयं विभिन्न क्षेत्रों का निरीक्षण कर रहे हैं। दोनों अधिकारी कांवड़ मार्गों, घाटों और संवेदनशील स्थानों पर व्यवस्थाओं का जायजा लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दे रहे हैं। फील्ड स्तर पर अधिकारियों की मौजूदगी से व्यवस्थाओं को तेजी से बेहतर किया जा रहा है।
स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर भी व्यापक इंतजाम किए गए हैं। कांवड़ मार्गों और प्रमुख स्थानों पर मेडिकल कैंप स्थापित किए गए हैं, जहां शिवभक्तों को प्राथमिक उपचार सहित आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। अब तक एक लाख से अधिक शिवभक्त स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ ले चुके हैं।
प्रशासन के आंकड़ों के अनुसार अब तक एक करोड़ साठ लाख से अधिक शिवभक्त गंगा जल लेकर अपने-अपने गंतव्यों की ओर रवाना हो चुके हैं। श्रद्धालुओं की इतनी बड़ी संख्या के बावजूद सफाई, सुरक्षा, स्वास्थ्य और यातायात व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखने के लिए प्रशासनिक और नगर निगम की टीमें लगातार सक्रिय हैं।
हरिद्वार पहुंच रहे शिवभक्त भी व्यवस्थाओं की सराहना कर रहे हैं। श्रद्धालुओं का कहना है कि घाटों की साफ-सफाई, मेडिकल कैंप, सुरक्षा व्यवस्था और कांवड़ मार्गों पर किए गए इंतजामों से यात्रा काफी सुविधाजनक हुई है।
कांवड़ मेला-2026 में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में जिला प्रशासन, पुलिस और नगर निगम के समन्वित प्रयासों ने हरिद्वार को ‘आस्था के साथ व्यवस्था’ की मिसाल के रूप में प्रस्तुत किया है। करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े इस महापर्व को स्वच्छ, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाए रखने के लिए प्रशासन 24 घंटे पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है।