कलियर में गौकशी पर फिर बड़ा खुलासा: 120 किलो गौमांस के साथ दो गिरफ्तार, चार फरार, कब रुकेगा यह गोरखधंधा

NSG:-news 129

पिरान कलियर। पिरान कलियर क्षेत्र में गौकशी के मामलों पर अंकुश लगाने की पुलिस की कोशिशों के बीच एक बार फिर बड़ा मामला सामने आया है। कोतवाली पिरान कलियर पुलिस ने जवांईखेड़ा गांव में छापेमारी कर करीब 120 किलो गौमांस और गौकशी में इस्तेमाल होने वाले उपकरण बरामद करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया, जबकि चार आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहे। पुलिस अब उनकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।

पुलिस के अनुसार मुखबिर की सूचना पर शहीद कुरैशी के मकान की छत पर बने कमरे में छापा मारा गया। कार्रवाई के दौरान शहीद कुरैशी और शानू कुरैशी को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि भूरा, फरात, सुहैल और सादाब कुरैशी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ उत्तराखंड गौवंश संरक्षण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया है।

फरार आरोपी पहले भी जा चुके हैं जेल:-स्थानीय लोगों का कहना है कि फरार आरोपी लंबे समय से गौकशी के अवैध कारोबार से जुड़े बताए जाते हैं और इनमें से कई के खिलाफ पहले भी गौकशी के मुकदमे दर्ज हो चुके हैं तथा वे जेल भी जा चुके हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि बार-बार कार्रवाई के बावजूद यह अवैध कारोबार आखिर कैसे जारी है।

गुंडा एक्ट और जिला बदर की उठी मांग:-क्षेत्र के लोगों का कहना है कि जिन आरोपियों पर बार-बार गौकशी के मुकदमे दर्ज हो रहे हैं, उनके खिलाफ केवल मुकदमा दर्ज करना पर्याप्त नहीं है। ऐसे आदतन अपराधियों पर गुंडा एक्ट और जिला बदर जैसी कठोर कानूनी कार्रवाई भी की जानी चाहिए, ताकि क्षेत्र में इस प्रकार की घटनाओं पर प्रभावी रोक लग सके।

मीट की दुकानों की भी हो गहन जांच:-स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में कुछ मीट विक्रेता स्लॉटर हाउस के बिल का सहारा लेकर प्रशासन को गुमराह करते हैं, जबकि पशुओं का अवैध कटान अन्य स्थानों, यहां तक कि रिहायशी इलाकों के मकानों में किए जाने की शिकायतें भी समय-समय पर सामने आती रही हैं। लोगों का कहना है कि प्रशासन को मीट की दुकानों, उनके खरीद-बिक्री रिकॉर्ड और मांस के स्रोत की निष्पक्ष जांच करानी चाहिए। यदि जांच में कोई अनियमितता सामने आती है तो संबंधित लोगों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।

सीओ दिव्येश उपाध्याय का बयान:-सीओ कलियर दिव्येश उपाध्याय ने कहा कि गौकशी और पशुओं के अवैध कटान में संलिप्त लोगों के खिलाफ पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। कानून का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।