मंगलौर/हरिद्वार:हरिद्वार पुलिस ने नशे के काले कारोबार के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी चोट की है। एसएसपी नवनीत सिंह के ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत मंगलौर पुलिस और CIU रुड़की की संयुक्त टीम ने ₹5000 के इनामी और शातिर तस्कर हसीन उर्फ ‘तोता’ को गिरफ्तार कर लिया है। तस्कर के पास से 260 ग्राम स्मैक बरामद हुई है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 1 करोड़ रुपये आंकी गई है।

कैसे चढ़ा पुलिस के हत्थे मंगलवार, 13 मई 2026 की शाम को मंगलौर कोतवाली पुलिस और CIU की टीम क्षेत्र में संदिग्धों की तलाश में चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान एक मोटरसाइकिल सवार युवक पुलिस को देखकर भागने की कोशिश करने लगा। टीम ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। जब उसकी तलाशी ली गई, तो पुलिस के होश उड़ गए। उसके पास से भारी मात्रा में स्मैक बरामद हुई।कौन है यह ‘तोता’?पकड़ा गया आरोपी हसीन उर्फ ‘तोता’, सईद का बेटा है और लक्सर के ग्राम लादपुर कला का रहने वाला है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, यह काफी समय से फरार चल रहा था और हरिद्वार जिले में नशे की सप्लाई का बड़ा मोहरा था। इसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने ₹5000 का इनाम भी घोषित किया हुआ था।
युवाओं को बर्बाद करने की थी साजिशपुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि इस स्मैक की खेप को मंगलौर और आसपास के इलाकों में छोटे तस्करों और युवाओं को बेचा जाना था। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि ‘तोता’ यह माल कहाँ से लाया था और इसके गैंग में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
बरामदगी का ब्यौरा:अवैध स्मैक: 260 ग्राम (कीमत ₹1 करोड़)मोटरसाइकिल: तस्करी में इस्तेमाल की जा रही बाइक जब्त।
पुलिस की जांबाज टीम:इस बड़ी सफलता को अंजाम देने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक भगवान सिंह महर, उपनिरीक्षक अशोक सिरस्वाल, अपर उपनिरीक्षक अश्वनी यादव (CIU रुड़की), हेड कांस्टेबल शूरवीर सिंह, मनमोहन भंडारी और कांस्टेबल राहुल नेगी, रविंद्र खत्री, मनीष, महिपाल सिंह व अजय काला शामिल रहे।
एसएसपी का कड़ा रुख:एसएसपी नवनीत सिंह ने दो टूक कहा है कि जिले में नशा बेचने वालों की जगह सिर्फ जेल है। युवाओं की जिंदगी से खिलवाड़ करने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।
