News:129 पिरान कलियर।
रेन बसेरे में ठहरे परिवार की मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म की घटना के बाद आरोपी की तलाश में कलियर पुलिस ने पूरी ताकत झोंक दी है। घटना के बाद से ही कोतवाल कमल मोहन भंडारी अपनी टीम के साथ दिन-रात आरोपी की तलाश में जुटे हुए हैं। पुलिस ने अब तक करीब एक दर्जन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की है, जबकि आरोपी की तलाश में कई पुलिस टीमें उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में रवाना की गई हैं।पुलिस घटनास्थल के आसपास रहने वाले लोगों से पूछताछ करने के साथ ही संदिग्धों की गतिविधियों और उनके आने-जाने के रास्तों की जानकारी जुटा रही है।
पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश देने के साथ आरोपी तक पहुंचने के लिए हर संभावित कड़ी को जोड़ने में जुटी हैं। पुलिस उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज के आधार पर भी आरोपी की पहचान और उसकी आवाजाही का पता लगाने का प्रयास कर रही है।हालांकि जांच में सबसे बड़ी अड़चन घटनास्थल और रेन बसेरे के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के खराब होने से सामने आ रही है। दरगाह क्षेत्र में जायरीनों की सुरक्षा के लिए बड़ी संख्या में कैमरे लगाए गए हैं, लेकिन घटना के बाद पुलिस की जांच के दौरान अधिकतर कैमरों के बंद होने की बात सामने आई है।
इसके चलते आरोपी के घटनास्थल तक पहुंचने और वहां से निकलने के संभावित रास्तों की निगरानी में पुलिस को परेशानी उठानी पड़ रही है।खास बात यह है कि करीब दो माह पहले कलियर मेले की तैयारियों के दौरान दरगाह प्रबंधन की ओर से क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों के दुरुस्त होने की बात कही गई थी। लेकिन मासूम के साथ हुई घटना के बाद पुलिस की जांच में कई कैमरों के खराब होने की स्थिति सामने आई है।
ऐसे में अब कैमरों की नियमित निगरानी और उनके रखरखाव को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।इसके बावजूद पुलिस आरोपी की तलाश में लगातार जुटी हुई है।
कोतवाल कमल मोहन भंडारी स्वयं पुलिस टीमों के साथ जांच की निगरानी कर रहे हैं। संदिग्धों से पूछताछ के साथ यूपी के विभिन्न जिलों में भेजी गई टीमों से भी लगातार जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस का प्रयास है कि उपलब्ध साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर आरोपी तक जल्द पहुंचा जा सके।
कोतवाल कमल मोहन भंडारी ने बताया कि घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की कई टीमें लगातार काम कर रही हैं। करीब एक दर्जन संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है और अलग-अलग स्थानों पर टीमों को भेजा गया है। बंद सीसीटीवी कैमरों को चालू कराने के लिए संबंधित विभाग को पत्राचार किया गया है। पुलिस सभी पहलुओं पर गंभीरता से जांच कर रही है।