तीन गोवंश की मौत पर सवालों के घेरे में कनखल की खामोशी, हादसे के बाद कार छोड़कर फरार हुआ चालक

News 129:-हरिद्वार

हरिद्वार। कनखल के बैरागी कैंप क्षेत्र में देर रात एक बेकाबू कार की चपेट में आने से तीन गायों की मौत हो गई। हादसे के बाद कार सवार चालक वाहन को मौके पर छोड़कर फरार हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने कार को कब्जे में लेकर चालक की तलाश शुरू कर दी है।घटना के करीब 18 घंटे बाद भी मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर अपेक्षित आक्रोश दिखाई नहीं देने से कई सवाल खड़े हो रहे हैं।

गोवंश की मौत के बावजूद अब तक न किसी बड़े प्रदर्शन की सूचना है और न ही गिरफ्तारी की मांग को लेकर कोई मुखर आंदोलन सामने आया है।तीन गोवंश की मौत, फिर भी क्यों पसरी खामोशी?गोवंश को लेकर अक्सर मुखर रहने वाले संगठनों और सामाजिक प्रतिनिधियों की इस मामले में अब तक चुप्पी चर्चा का विषय बनी हुई है। खासकर कनखल जैसे धार्मिक क्षेत्र में एक साथ तीन गायों की मौत के बाद भी मामला बड़े स्तर पर नहीं उठने को लेकर सवाल खड़े किए जा रहे हैं।

कथित समाजसेवी से जुड़ा बताया जा रहा वाहनबताया जा रहा है कि हादसे में शामिल वाहन एक ऐसे व्यक्ति से जुड़ा है, जिसे कथित तौर पर समाजसेवी बताया जा रहा है। सोशल मीडिया पर उसके द्वारा नशे और अन्य सामाजिक बुराइयों के खिलाफ अभियान चलाने की बात भी सामने आ रही है। हालांकि, हादसे के समय वाहन कौन चला रहा था और घटना के पीछे वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं, इसका खुलासा पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगा।

पुलिस जांच से सामने आएगी पूरी सच्चाईपुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहन को कब्जे में ले लिया है और चालक की तलाश की जा रही है। पुलिस की जांच में यह स्पष्ट होगा कि वाहन कौन चला रहा था, हादसा किन परिस्थितियों में हुआ और घटना के लिए जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ क्या कानूनी कार्रवाई बनती है।

गोवंश की मौत ने एक अहम सवाल जरूर खड़ा कर दिया है—अगर गाय आस्था का प्रतीक है तो उसकी सुरक्षा और उसके साथ हुए अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने का पैमाना व्यक्ति की पहचान देखकर क्यों तय होना चाहिए? कानून सभी के लिए समान है और गोवंश की सुरक्षा का मुद्दा भी बिना किसी भेदभाव के उठाया जाना चाहिए।