रेड अलर्ट पर नगर निगम हरिद्वार हाई अलर्ट, नगर आयुक्त नंदन कुमार ने अधिकारियों को दिए 24×7 मुस्तैदी के निर्देश

NSG:-NEWS 129 हरिद्वार, 19 जुलाई।

मौसम विभाग द्वारा जारी रेड अलर्ट और भारी वर्षा की चेतावनी को देखते हुए नगर निगम हरिद्वार पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। रविवार को नगर निगम के स्वच्छता सेल कार्यालय में नगर आयुक्त नंदन कुमार (आईएएस) की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें शहर में संभावित जलभराव और आपात परिस्थितियों से निपटने के लिए व्यापक तैयारियों की समीक्षा की गई।

बैठक में नगर आयुक्त ने सभी मुख्य सफाई निरीक्षकों एवं सफाई निरीक्षकों को निर्देश दिए कि नगर क्षेत्र के सभी संवेदनशील और जलभराव संभावित स्थानों पर पहले से ही पंप सेट स्थापित कर दिए जाएं, ताकि बारिश शुरू होते ही जल निकासी का कार्य तुरंत शुरू किया जा सके और आमजन को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

उन्होंने विष्णु घाट क्षेत्र को अति संवेदनशील मानते हुए वहां एक जेसीबी और दो ट्रैक्टर-ट्रॉली अग्रिम रूप से तैनात रखने के निर्देश दिए। इसके अलावा भगत सिंह चौक, संदेश नगर, पुराना आरटीओ चौक सहित अन्य जलभराव वाले क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने तथा आवश्यक संसाधनों और कर्मचारियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए।

नगर आयुक्त नंदन कुमार ने रेड अलर्ट की अवधि के दौरान सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को मुख्यालय नहीं छोड़ने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी एवं कर्मचारी 24×7 सतर्क रहकर अपने दायित्वों का निर्वहन करें और किसी भी आपात स्थिति की सूचना मिलते ही तत्काल मौके पर पहुंचकर राहत एवं जल निकासी कार्य सुनिश्चित करें।बैठक में अधिकारियों ने बताया कि मानसून शुरू होने से पहले नगर निगम द्वारा नगर क्षेत्र के 148 नालों की दो से तीन चरणों में तलीझाड़ सफाई पूरी कर ली गई है, जिससे वर्षा जल की निकासी व्यवस्था को मजबूत बनाया गया है।नगर आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि सभी अधिकारी लगातार फील्ड में रहकर निगरानी बनाए रखें और जलभराव की सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई कर समस्या का समाधान करें।

उन्होंने चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।बैठक में मुख्य सफाई निरीक्षक मनोज कुमार, संजय शर्मा, अर्जुन सिंह, धीरेंद्र सेमवाल, विकास चौधरी, विकास छाछर, सुरेंद्र, सुनील मलिक सहित नगर निगम के अन्य अधिकारी एवं सफाई निरीक्षक मौजूद रहे। सभी को शहर में प्रभावी जल निकासी और स्वच्छता व्यवस्था बनाए रखने के लिए 24 घंटे सतर्क रहने के निर्देश दिए गए।