सोशल मीडिया पर विवादित टिप्पणी करने के आरोप में जेल में बंद इन्फ्लुएंसर ज्योति अधिकारी को न्यायालय से जमानत मिल गई है। ज्योति को पुलिस ने करीब 5 दिन पहले आपसी सौहार्द बिगाड़ने और अभद्र भाषा का प्रयोग करने के आरोप में गिरफ्तार किया था।
क्या है पूरा मामला?
मामला चर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़ा है। इस हत्याकांड में ‘वीआईपी’ (VIP) के नाम को लेकर चल रहे विरोध प्रदर्शनों के दौरान ज्योति अधिकारी ने सोशल मीडिया पर एक लाइव वीडियो और पोस्ट के जरिए कुछ टिप्पणियां की थीं। आरोप है कि ज्योति ने इस संवेदनशील मुद्दे पर विरोध जताते हुए अभद्र भाषा का प्रयोग किया और कुछ विवादित कमेंट्स किए, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया था।
5 दिन पहले हुई थी गिरफ्तारी
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने ज्योति के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। ज्योति अधिकारी, जो कि एक जानी-मानी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर हैं, को 5 दिन पहले पुलिस ने उनके आवास से गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था। उनकी गिरफ्तारी के बाद सोशल मीडिया पर उनके समर्थक और विरोधी दो पक्षों में बंट गए थे।
कोर्ट में हुई दलीलें
मंगलवार को कोर्ट में हुई सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के वकीलों ने अपनी दलीलें पेश कीं। दोनों पक्षों को सुनने के बाद माननीय न्यायालय ने ज्योति अधिकारी की जमानत अर्जी स्वीकार कर ली।

