ओडिशा में सतर्कता विभाग की छापेमारी में एक ऐसा मामला सामने आया जिसने सभी को हैरान कर दिया। आदिवासी विकास एजेंसी (आईटीडीए) में तैनात सहायक कार्यकारी इंजीनियर बैकुंठनाथ बेहरा के विभिन्न ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई, जहां से करोड़ों रुपये नकद, कई आलीशान मकान, बंगले और दर्जनों प्लॉट मिलने की जानकारी सामने आई है।
परिवार के बैंक लॉकरों से निकले करोड़ों रुपयेजांच के दौरान परिवार से जुड़े बैंक लॉकरों से करीब 2 करोड़ रुपये नकद बरामद किए गए। इससे पहले घरों की तलाशी में लाखों रुपये नकद जब्त किए जा चुके थे। अधिकारियों ने सोना, बैंक जमा, निवेश और अन्य वित्तीय संपत्तियों की भी जांच शुरू कर दी है।
पांच बंगले, 14 प्लॉट और कई इमारतें मिलीं सतर्कता विभाग को जांच में पांच बंगले, 14 प्लॉट और कई बहुमंजिला इमारतों का पता चला है। भुवनेश्वर, बारिपदा, जाजपुर और बालिगुड़ा समेत कई स्थानों पर बेहरा और उसके रिश्तेदारों के नाम पर संपत्तियां चिन्हित की गई हैं। अधिकारियों द्वारा इन संपत्तियों का बाजार मूल्यांकन कराया जा रहा है।
1999 में शुरू की थी नौकरी रिकॉर्ड के अनुसार बैकुंठनाथ बेहरा ने वर्ष 1999 में जूनियर इंजीनियर के रूप में सरकारी सेवा शुरू की थी। शुरुआती दौर में उनकी मासिक तनख्वाह करीब 6 हजार रुपये थी। बाद में पदोन्नति पाकर वह सहायक कार्यकारी इंजीनियर बने।
आय से अधिक संपत्ति की जांच तेज सतर्कता विभाग का कहना है कि आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने की शिकायतों के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। संपत्तियों के सत्यापन और मूल्यांकन के बाद पूरे मामले का विस्तृत खुलासा किया जाएगा।