अतीक साबरी:-
कोटद्वार। पौड़ी जिले में नशा तस्करों के खिलाफ पुलिस कप्तान सर्वेश पंवार का हंटर लगातार चल रहा है। सीआईयू कोटद्वार और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम ने एक महीने के भीतर तीसरा बड़ा प्रहार करते हुए शहर के नामी नशा तस्कर ‘दल्लू’ और उसके साथी विजय सिंह को भारी मात्रा में चरस के साथ गिरफ्तार किया है।
चेकिंग के दौरान धरे गए तस्कर
बुधवार शाम बीईएल रोड पर पुलिस टीम रूटीन चेकिंग पर थी। इसी दौरान संदिग्ध दिखने पर दो युवकों को रोका गया। तलाशी लेने पर उनके पास से कुल 3 किलो चरस बरामद हुई। पकड़े गए आरोपियों की पहचान दलजीत उर्फ दल्लू (निवासी शिवपुर) और विजय सिंह (निवासी मानपुर) के रूप में हुई है। दल्लू के पास से 1 किलो 800 ग्राम और विजय के पास से 1 किलो 200 ग्राम चरस मिली है।
पूछताछ में आरोपी विजय ने कबूला कि वह यह माल पहाड़ी जिलों से सस्ते में खरीदकर कोटद्वार के युवाओं को बेचने के लिए लाया था।
दल्लू का पुराना और चौंकाने वाला रिकॉर्ड:-पुलिस जांच में मुख्य आरोपी दल्लू के बारे में बेहद चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है। दल्लू कोई छोटा-मोटा अपराधी नहीं, बल्कि बागेश्वर जिले से जुड़े नशा नेटवर्क का बड़ा मोहरा है। उसे एनडीपीएस एक्ट के एक पुराने मामले में बागेश्वर कोर्ट से 10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई जा चुकी है। वर्तमान में वह अपनी सजा के खिलाफ अपील कर जेल से बाहर था, लेकिन बाहर आते ही उसने फिर से नशे का काला कारोबार शुरू कर दिया।
कप्तान के नेतृत्व में सीआईयू की तीसरी बड़ी कामयाबी:- एसएसपी सर्वेश पंवार ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि’ अभियान के तहत जिले में तस्करों पर कड़ा प्रहार किया जा रहा है।
सीआईयू प्रभारी रणजीत तोमर और बाजार चौकी प्रभारी विनोद चपराणा की टीम ने एक महीने में यह तीसरी बड़ी रिकवरी की है। कप्तान के इस सख्त रुख की अब पूरे प्रदेश में चर्चा हो रही है।
पुलिस टीम:कामयाबी हासिल करने वाली टीम में सीआईयू प्रभारी रणजीत तोमर, चौकी प्रभारी विनोद चपराणा, उपनिरीक्षक सुशील, हेड कांस्टेबल शशिकांत त्यागी और कांस्टेबल आशीष बिष्ट शामिल रहे।