अतीक साबरी:-हरिद्वार |
शनिवार:- देवभूमि की सड़कों पर हुड़दंग मचाने वालों और नारी शक्ति के सम्मान को ठेस पहुँचाने वालों के खिलाफ हरिद्वार पुलिस ने निर्णायक जंग छेड़ दी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) हरिद्वार द्वारा दिए गए कड़े संदेश के बाद, थाना सिडकुल पुलिस ने शनिवार को एक वृहद स्तर पर ‘सफाई अभियान’ चलाते हुए क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया। पुलिस की इस छापेमारी में सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीकर महिलाओं पर फब्तियां कसने वाले 65 हुड़दंगियों को गिरफ्तार किया गया है।
महिलाओं की सुरक्षा पर जीरो टॉलरेंस:-सिडकुल औद्योगिक क्षेत्र, जहाँ हजारों की संख्या में महिलाएं विभिन्न शिफ्टों में काम करती हैं, वहां से लगातार गंभीर शिकायतें मिल रही थीं। फैक्ट्रियों की छुट्टी के वक्त कुछ अराजक तत्व सड़क किनारे ढाबों और सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीकर जमा हो जाते थे और घर लौटती महिलाओं पर अभद्र टिप्पणियां (फब्तियां) कसते थे। इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने ‘ऑपरेशन क्लीन’ की रूपरेखा तैयार की।
थानाध्यक्ष नितेश शर्मा का ‘मास्टर स्ट्रोक’एसएसपी हरिद्वार के निर्देशों का पालन करते हुए, थानाध्यक्ष नितेश शर्मा ने रणनीतिक तरीके से पुलिस और पीएसी (PAC) के जवानों की कई टीमें गठित कीं। शनिवार की शाम जब पियक्कड़ और हुड़दंगी अपनी महफिलें जमा रहे थे, तभी पुलिस की अलग-अलग टीमों ने अचानक सिडकुल के चिन्हित ठिकानों, ढाबों और शराब के ठेकों के आसपास घेराबंदी कर दी।
कार्यवाही के मुख्य बिंदु:दबोचे गए हुड़दंगी: कुल 65 व्यक्तियों को सार्वजनिक स्थान पर व्यवधान डालने और शराब पीने के आरोप में पकड़ा गया।पुलिस एक्ट की मार: पकड़े गए सभी अभियुक्तों के खिलाफ 81 पुलिस एक्ट के तहत चालानी कार्यवाही की गई।
अर्थदंड: मौके पर ही 16,250/- रुपये का संयोजन शुल्क (जुर्माना) वसूला गया।कड़ी चेतावनी: पुलिस ने सभी को स्पष्ट लहजे में चेतावनी दी कि यदि दोबारा किसी ने सार्वजनिक स्थान पर जाम छलकाया या महिलाओं की ओर आंख उठाकर भी देखा, तो उन्हें सीधे सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
वर्दी का खौफ, जनता में विश्वासपुलिस की इस त्वरित और सख्त कार्यवाही से जहाँ अपराधियों और मनचलों के बीच दहशत का माहौल है, वहीं क्षेत्र की कामकाजी महिलाओं और स्थानीय निवासियों ने पुलिस प्रशासन का आभार जताया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि ऐसी कार्यवाही से ही अपराधियों के हौसले पस्त होंगे।”हमारा लक्ष्य केवल चालान काटना नहीं, बल्कि एक सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करना है। सिडकुल क्षेत्र में किसी भी बहन-बेटी के साथ अभद्रता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यह अभियान अभी थमेगा नहीं, बल्कि आने वाले दिनों में और अधिक तीव्रता के साथ जारी रहेगा।” > — नितेश शर्मा, थानाध्यक्ष, सिडकुल
पुलिस टीम की जांबाजी:इस सफल कार्यवाही में थानाध्यक्ष नितेश शर्मा के साथ थाना सिडकुल के जांबाज सिपाही और पीएसी (PAC) के जवानों की मुख्य भूमिका रही, जिन्होंने योजनाबद्ध तरीके से अराजक तत्वों को चारों ओर से घेरकर दबोचा।