Breaking News Latest News Uttarakhand Viral News

कुख्यात सुनील राठी का नया अवतार, वेस्टर्न यूपी में जमीन कर रहा तैयार

चंद्रशेखर जोशी।
पूर्वी उत्तर प्रदेश के माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी की बागपत जेल में गोलियों से भूनकर हत्या कर उत्तर प्रदेश में जरायम की दुनिया की सुर्खिया बटोरने वाला कुख्यात गैंगस्टर सुनील राठी अब पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अपनी जमीन तैयार कर रहा है। सुनील राठी ने अपने गृह जनपद बागपत में एक के बाद एक कई संगीन घटनाओं को अंजाम दिलवाकर अपनी मौजूदगी का अहसास करवा दिया है। इसके साथ साथ वेस्ट यूपी को लेकर अपने मंसूबे भी जाहिर कर दिए है। राठी के इशारे पर उसके शूटर दनादन कत्ल कर रहे है। इधर, राठी के वेस्ट यूपी की अपराध की दुनिया में जडे गहरी कर लेने से उत्तराखंड पुलिस पूरी तरह से बेखबर दिखाई दे रही है।
वेस्ट यूपी के बागपत जिले के गांव टीकरी से ताल्लुक रखने वाले कुख्यात सुनील राठी की कार्यस्थली हरिद्वार जिला ही रहा हैं। गांव में पारिवारिक रंजिश् के चलते तिहरे हत्याकांड को अंजाम देने के बाद से फरार चल रहा कुख्यात राठी कनखल की शिवपुरी कालोनी से हरिद्वार पुलिस के हत्थे चढा था, उस वक्त उसके कब्जे से हेड ग्रेनेड तक मिला था। तब से लेकर अब तक राठी जेल में ही है। जिले में एक के बाद एक हत्याकांड को राठी के इशारे पर उसके शूटर अंजाम देते रहे।
राठी की दहशत पूरे जिले में तारी है लेकिन पिछले वर्ष बागपत जेल में बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी के खास शूटर माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी का कत्ल कर राठी सुर्खियो में आया, लिहाजा अब उत्तराखंड के बाद यूपी में भी राठी का कद बढना तय था। फिलवक्त दिल्ली की तिहाड जेल में कैद राठी के नाम की हलचल गृह जिले बागपत में उस वक्त बडी तेजी सेहुई जब ईट भटृठा व्यवसायी देशपाल हत्याकांड, हिस्टीशीटर परमवीर तुगाना हत्याकांड से राठी का नाम जुडा होने की बात सामने आई, हालांकि कई अन्य घटनाओं को अंजाम देने का संदेह भी राठी पर ही है लेकिन अभी उनकी परतें खुल नहीं सकी है।
बागपत भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष संजय खोखर हत्याकांड को भी शुरूआती जांच में राठी से जोडकर देखा जा रहा था लेकिन खुलासे के साथ ही रंजिश ही मुख्य वजह निकलकर आई। राठी अब हरिद्वार के बाद वेस्ट यूपी में अपना दबदबा कायम करने की जुगत में जुटा है, क्योंकि वह उसका गृह जिला है। राठी की मां भी बागपत की राजनीति में सक्रिय है और विधानसभा का चुनाव भी लड चुकी है। इधर, हरिद्वार में अंदरखाने राठी की सक्रियता बरकरार है लेकिन हरिद्वार पुलिस किसी वारदात के घटित न होने पर राठी को पूरी तरह से नजरअंदाज किए हुए है, यह बिलकुल भी ठीक नहीं है। बागपत जिले में राठी के इशारे पर घट रही वारदातों को लेकर भी हरिद्वार पुलिस की कोई दिलचस्पी नहीं दिखाई देती है। सूत्रों की मानें तो राठी का नेटवर्क हरिद्वार में अभी भी उतना ही मजबूत हैं जितना पहले था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.